नितिन गडकरी ने लॉन्च किया RAJMARG PRAVESH Portal, जानें क्या है खास!

यूनियन मिनिस्टर नितिन गडकरी जी ने आज दिनांक 25 फरवरी 2026 को सुधारित RAJMARG PRAVESH Portal 2.0 वेब पोर्टल न्यू दिल्ली में लॉन्च किया है

यह सुधारित डिजिटल प्लेटफॉर्म को भारत के नेशनल हाईवे पर अलग-अलग सुविधाओं और यूटिलिटीज़ के लिए नो ऑब्जेक्शन सर्टिफिकेट (NOCs) और परमिशन लेने के प्रोसेस को आसान बनाने के लिए डिज़ाइन किया गया है

नितिन गडकरी ने लॉन्च किया RAJMARG PRAVESH Portal, जानें क्या है खास!
नितिन गडकरी ने लॉन्च किया RAJMARG PRAVESH Portal, जानें क्या है खास!

RAJMARG PRAVESH Portal क्या है इसमें खास

यह पोर्टल नागरिकों, बिज़नेस और सरकारी एजेंसियों के लिए हाईवे से जुड़ी परमिशन के लिए अप्लाई करने के लिए सिंगल-विंडो इंटरफ़ेस का काम करता है

राजमार्ग प्रवेश (RAJMARG PRAVESH) पोर्टल की मुख्य विशेषताएं

विशेषता (Feature) विवरण (Description)
मुख्य उद्देश्य राष्ट्रीय राजमार्गों (NH) के किनारे व्यवसाय या यूटिलिटी सेवाओं के लिए ऑनलाइन अनुमति और NOC प्रदान करना।
लॉन्च कर्ता श्री नितिन गडकरी, केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री।
सिंगल विंडो एक्सेस सभी प्रकार की अनुमतियों के लिए एक ही पोर्टल: rajmargpravesh.morth.gov.in
इनके लिए उपयोगी पेट्रोल पंप, होटल, रेस्टोरेंट, प्राइवेट प्रॉपर्टी एक्सेस, और वे-साइड एमेनिटीज।
यूटिलिटी सेवाएं गैस/पानी पाइपलाइन, बिजली के खंभे और ऑप्टिकल फाइबर केबल (OFC) बिछाने की अनुमति।
पारदर्शिता आवेदन की स्थिति (Status) को 24×7 रियल-टाइम ट्रैक किया जा सकता है।
समय सीमा “टाइम-बाउंड अप्रूवल” यानी एक निश्चित समय के भीतर मंजूरी की गारंटी।
पूरी तरह डिजिटल दस्तावेज जमा करने से लेकर फीस भुगतान तक की प्रक्रिया 100% पेपरलेस है।
स्मार्ट तकनीक सही अधिकार क्षेत्र (Jurisdiction) की पहचान के लिए GIS-आधारित ऑटो-डिटेक्शन सुविधा।

तेज़ मंज़ूरी: इसका मकसद एक ट्रांसपेरेंट, टाइम-बाउंड मंज़ूरी सिस्टम देना है, जिससे एडमिनिस्ट्रेटिव देरी कम हो और फिजिकल सबमिशन की ज़रूरत खत्म हो
ईज़ ऑफ़ डूइंग बिज़नेस: यह सरकार के इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट को डिजिटाइज़ करने और हाईवे नेटवर्क तक कमर्शियल एक्सेस को आसान बनाने के कमिटमेंट का हिस्सा है

रियल-टाइम ट्रैकिंग: एप्लिकेंट डॉक्यूमेंट जमा कर सकते हैं, ऑनलाइन फीस पे कर सकते हैं और रियल-टाइम में अपने एप्लीकेशन का स्टेटस ट्रैक कर सकते हैं

नितिन गडकरी ने लॉन्च किया RAJMARG PRAVESH Portal, जानें क्या है खास!
नितिन गडकरी ने लॉन्च किया RAJMARG PRAVESH Portal, जानें क्या है खास!

 

RAJMARG PRAVESH Portal के तहत कौन-कौन सी सर्विस प्राप्त होगी ?

राजमार्ग प्रवेश पोर्टल पर उपलब्ध सेवाएं

श्रेणी (Category) प्राप्त होने वाली सेवाएं (Services)
व्यवसायिक पहुंच (Commercial Access) पेट्रोल पंप (RO), होटल, मोटल, रेस्टोरेंट, और फूड कोर्ट के लिए कनेक्टिविटी।
निजी संपत्ति (Private Property) आवासीय या निजी संपत्तियों के लिए राष्ट्रीय राजमार्ग (NH) से सीधा रास्ता या एप्रोच रोड।
यूटिलिटी सेवाएं (Utility Services) गैस पाइपलाइन, पानी की पाइपलाइन, सीवेज लाइन और बिजली के खंभे/केबल बिछाने की अनुमति।
डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर राष्ट्रीय राजमार्ग के किनारे ऑप्टिकल फाइबर केबल (OFC) बिछाने की अनुमति।
वे-साइड एमेनिटीज (Wayside Amenities) यात्रियों की सुविधा के लिए ढाबा, ट्रक ले-बाय (Truck Lay-bye), और पार्किंग स्थल विकसित करना।
औद्योगिक पहुंच (Industrial Access) बड़े कारखानों, लॉजिस्टिक पार्क, या वेयरहाउस (Warehouse) के लिए मुख्य सड़क से जुड़ाव।
अनापत्ति प्रमाणपत्र (NOC) उपर्युक्त सभी कार्यों के लिए अनिवार्य NOC प्राप्त करने की ऑनलाइन सुविधा।

 

यह पोर्टल सड़क किनारे के कई तरह के इंफ्रास्ट्रक्चर और यूटिलिटी कामों के लिए परमिशन प्रोसेस करता है :

कमर्शियल फैसिलिटीज़: फ्यूल स्टेशन (पेट्रोल पंप), रास्ते में मिलने वाली सुविधाएं, ढाबे और रेस्ट एरिया कॉम्प्लेक्स।
एक्सेस रोड: प्राइवेट प्रॉपर्टीज़, इंडस्ट्रियल यूनिट्स और दूसरी फैसिलिटीज़ के लिए कनेक्टिंग रोड

यूटिलिटी लेइंग: हाईवे के पार या साथ में पानी और गैस पाइपलाइन, ऑप्टिकल फाइबर केबल (OFC), और बिजली की लाइनें बिछाने की परमिशन
• यह पोर्टल ऑफिशियली rajmargpravesh.morth.gov.in पर एक्सेस किया जा सकता है

कौन-कौन से डॉक्यूमेंट आपको लगेंगे एनओसी के एप्लीकेशन के लिए ?

NOC आवेदन के लिए आवश्यक दस्तावेजों की सूची

श्रेणी (Category) आवश्यक दस्तावेज (Required Documents)
आवेदक की पहचान (Identification) आधार कार्ड, पैन कार्ड, या वोटर आईडी की स्कैन कॉपी।
स्वामित्व का प्रमाण (Ownership Proof) भूमि के मालिकाना हक के दस्तावेज (जैसे- सेल डीड, खसरा-खतौनी या लीज एग्रीमेंट)।
साइट प्लान (Site Plan) प्रस्तावित स्थल का विस्तृत मैप/नक्शा (Scale Map) जिसमें NH से दूरी दिखाई गई हो।
लेआउट प्लान (Layout Plan) पेट्रोल पंप, होटल या एप्रोच रोड का पूरा स्ट्रक्चरल डिजाइन और लेआउट।
फोटोग्राफ्स (Site Photos) प्रस्तावित स्थल की वर्तमान स्थिति की स्पष्ट फोटो और वीडियो (Geotagged)।
एफिडेविट (Affidavit) सरकार द्वारा निर्धारित प्रारूप (Format) में वचनबद्धता का हलफनामा।
तकनीकी ड्राइंग (Technical Drawings) ड्रेनेज प्लान, क्रॉस-सेक्शन ड्राइंग और कनेक्टिंग रोड का डिजाइन।
लाइसेंस/अनुमति (Local Clearances) स्थानीय प्रशासन या संबंधित विभाग (जैसे- विस्फोटक विभाग या प्रदूषण बोर्ड) की प्रारंभिक सहमति।
फीस भुगतान (Fee Receipt) प्रोसेसिंग फीस और लाइसेंस फीस के डिजिटल भुगतान का प्रमाण।
हालांकि खास ज़रूरतें प्रोजेक्ट टाइप (जैसे, फ्यूल स्टेशन बनाम प्राइवेट एक्सेस) के हिसाब से अलग-अलग होती हैं, लेकिन राजमार्ग प्रवेश पोर्टल पर सबमिशन के लिए ये आम कैटेगरी ज़रूरी हैं :

एप्लीकेंट आइडेंटिफिकेशन: पहचान और पते का प्रूफ (आधार कार्ड, पैन कार्ड, या पासपोर्ट)
ओनरशिप प्रूफ: ज़मीन के मालिकाना हक के वैलिड डॉक्यूमेंट, जैसे सेल डीड, 7/12 एक्सट्रैक्ट, या उस प्रॉपर्टी के लिए लीज़ एग्रीमेंट जिसके लिए एक्सेस की ज़रूरत है

टेक्निकल ड्रॉइंग: डिटेल्ड मैप और लेआउट (अक्सर PDF या ऑटो CAD फॉर्मेट में) जो हाईवे के रिलेटिव प्रॉपर्टी की लोकेशन और तय स्टोरेज या एक्सेस पॉइंट दिखाते हैं।
• प्रोजेक्ट प्रपोज़ल। काम का एक पूरा स्कोप जिसमें ज़मीन के इस्तेमाल का डिटेल हो (जैसे, कमर्शियल ढाबा, यूटिलिटी बिछाना)

• मौजूदा NOCs। दूसरी लोकल अथॉरिटीज़, जैसे म्युनिसिपल ऑफिस या पॉल्यूशन कंट्रोल बोर्ड से पहले ही मिली परमिशन
• आर्थिक क्षमता: बड़े पैमाने के इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स के लिए, फंडिंग साबित करने के लिए ऑडिटेड बैलेंस शीट या बैंक स्टेटमेंट की ज़रूरत हो सकती है

नितिन गडकरी ने लॉन्च किया RAJMARG PRAVESH Portal, जानें क्या है खास!
नितिन गडकरी ने लॉन्च किया RAJMARG PRAVESH Portal, जानें क्या है खास!

 

लेटेस्ट अपडेट : राजमार्गयात्रा ऐप और डिजिटलकरण सरकार क्यों करना चाहती है ?

राजमार्गयात्रा ऐप और डिजिटलकरण के मुख्य उद्देश्य

मुख्य बिंदु (Focus Area) सरकार का उद्देश्य और लाभ (Government’s Goal & Benefit)
यात्री सुरक्षा (Safety) दुर्घटना की स्थिति में ‘वन-क्लिक’ इमरजेंसी सहायता और नजदीकी अस्पताल/पुलिस की जानकारी देना।
शिकायत निवारण (Grievance Redressal) सड़क की खराब स्थिति या गड्ढों की फोटो अपलोड कर सीधे शिकायत करना, जिसका समयबद्ध समाधान (Geo-tagging के साथ) होगा।
रियल-टाइम जानकारी (Real-time Info) मौसम की चेतावनी, ट्रैफिक जाम, टोल प्लाजा की कतार और नजदीकी वे-साइड सुविधाओं (Wayside Amenities) की सटीक जानकारी।
कैशलेस भुगतान (Cashless Payments) FASTag सेवाओं को ऐप से जोड़ना ताकि टोल और पार्किंग का भुगतान बिना रुके और पारदर्शी तरीके से हो सके।
भ्रष्टाचार पर रोक (Transparency) मानवीय हस्तक्षेप (Human Intervention) को कम करना और सभी प्रक्रियाओं (जैसे NOC या अनुमति) को ऑनलाइन और ट्रैक करने योग्य बनाना।
सुविधाजनक यात्रा (User Experience) एक ही प्लेटफॉर्म पर एम्बुलेंस, पेट्रोल पंप, ढाबा और शौचालय जैसी सभी जरूरी सुविधाओं की मैपिंग।
डेटा आधारित सुधार (Data-driven Insights) डिजिटल डेटा के जरिए यह समझना कि किन सड़कों पर ज्यादा ट्रैफिक या दुर्घटनाएं होती हैं, ताकि भविष्य में बेहतर प्लानिंग की जा सके।

राजमार्गयात्रा ऐप सरकार के “स्मार्ट हाईवे” इकोसिस्टम को आगे बढ़ाने का एक अहम हिस्सा है

• रियल-टाइम सेफ्टी अलर्ट: दिसंबर 2025 में रिलायंस जियो के साथ पार्टनरशिप में, NHAI ने ऐप में एक सेफ्टी अलर्ट सिस्टम जोड़ा है। यह ड्राइवरों को SMS, WhatsApp और हाई-प्रायोरिटी वॉयस अलर्ट भेजता है, जब वे एक्सीडेंट-प्रोन ज़ोन या कैटल-क्रॉसिंग एरिया के पास पहुँचते हैं
• वार्षिक पास मैनेजमेंट: यूज़र्स अब ऐप के ज़रिए सीधे नेशनल हाईवे एनुअल पास (2025-26 के लिए 13,000) खरीद और रिन्यू कर सकते हैं, जो उनके रजिस्टर्ड FASTag पर 2 घंटे के अंदर एक्टिवेट हो जाता है

• आने वाले कैशलेस टोल: 1 अप्रैल, 2026 से, सरकार सभी नेशनल हाईवे टोल प्लाज़ा पर कैश पेमेंट को पूरी तरह से खत्म करने का प्लान बना रही है। भविष्य के पेमेंट FASTag या UPI के ज़रिए पूरी तरह से डिजिटल होंगे
• बेहतर रिपोर्टिंग: ऐप में जियो-टैग्ड शिकायत सिस्टम है, जहाँ यूज़र्स गड्ढों या सुरक्षा खतरों की फ़ोटो/वीडियो अपलोड कर सकते हैं। अगर तय समय में इनका समाधान नहीं होता है, तो ये शिकायतें अपने आप आगे बढ़ जाती हैं

• कई भाषाओं में सपोर्ट: सभी ड्राइवरों के लिए एक्सेस को बेहतर बनाने के लिए इंटरफ़ेस 13 से ज़्यादा क्षेत्रीय भाषाओं में उपलब्ध है

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